उत्तराखण्ड में नैनीताल से लगे खूपी गाँव में सैकड़ों परिवार हर रोज रातभर जागकर अपनी मौत का इंतज़ार करते हैं। इन घरों की दीवारों और बीमों में आई दरारें, इन लोगों के चेहरे पर पड़ी लकीरें इस बात की गवाही दे रही हैं की इन्हें अपनी मौत का डर तो है लेकिन अपने पुस्तैनी घरों से लगाव भी उतना ही है। सरकारें भी आई गई लेकिन इन असहाय और मजबूर लोगों की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं हो सकी। अब जिला प्रशासन का कहना है की इन्हें दो जगह विस्थापित करने की बात चल रही है हालाँकि ये मैदानी क्षेत्रों में विस्थापन चाह रहे हैं।
जानिये मौत का इन्तजार क्यो करते हैं गांव के लोग
एक और रिकाॅर्ड को दे रहा है चुनौती दून का ये डेयर डेविल
टीम ऐवोलूय्शन ने अपनी स्टंट बाइकिंग के जरिये काफी नाम कमा लिया है। इस ग्रुप ने कई रिकाॅर्ड अपने नाम किये हैं, और अब जल्द ही एक और रिकाॅर्ड पर जीत हासिल करने की तैयारी में है युवाओं का ये दल। टीम के सबसे युवा सदस्य देहरादून के अंकित भास्कर आने वाले दिनों में आॅटो गियर स्कूटर पर सबसे ज्यादा गोल चक्कर मारने के रिकाॅर्ड पर अपनी नजरे लगाये हुये हैं।

ग्रुप के मेंटर विनीत बताते हैं कि, “धन की कमी और पहाड़ों पर लगातार हो रही बारिश ने हमारे रास्ते में रुकावट जरूर डाली है लेकिन हमें उम्मीद है कि जल्द ही मौसम भी साफ होगा और फंड का इंतजाम भी हो सकेगा।” फिलहाल सबसे ज्यादा सर्कल व्हीली का रिकाॅर्ड दो लोगों के नाम दर्ज है, इनमें एक स्पेन से है तो दूसरा जपान से, दोनों ने ही 101 चक्कर लगा कर ये रिकाॅर्ड हासिल किया हैं।
चार सदस्यिो के टीम का सदस्य अंकित कहते हैं कि, “ये सर्कल व्हीली हर कोई अासानी से नहीं कर पाता। इसके लिये बैलैंस औऱ ब्रेक पोइंट बेहद जरूरी है। मैं काफी उत्साहित हूं औऱ रोजाना अभ्यास भी कर रहा हूं। मैं जल्द से जल्द अपने सपने को साकरा करना चाहता हूं”
इस दल के पीछे की ताकत, लक्ष्य खंडूरी का कहना हैं कि, “हांलाकि स्टंक बाइकिंग को खेल नहीं रोमांचक खेल माना जाता है पर अंकित एक बेहतरीन खिलाड़ी है। इस खेल की मार्केट पनपने में अभी समय लगेगा पर ये दिन पर दिन देशभर में प्रचलित होता जा रहा है।”
हांलाकि ट्रैक पर अंकित 12-13 घंटे रोजाना अभ्यास कर अपने सपने को साकार करने में लगा है पर अभी अंकित के सामने चुनौतियां और भी है। स्टंट के लिये अपने स्कूटर को मोडिफाय करने के लिये पैसों की दिक्कत सामने आ रही है औऱ साथ ही ईवेंट को स्पाॅन्सर की भी जरूरत पड़ेगी।
टीम न्यूजपोस्ट की तरफ से अंकित और उनके पूरे दल को शुभकामनाऐं।
तो भगवान बद्री विशाल भी हुए मिलावट के शिकार!!
तीर्थयात्रियों को यह जानकर झटका लगेगा कि मंदिर में उनकेे द्वारा चढ़ाया हुआ ‘प्रसाद’ जो चारधम मंदिरों में दिया गया था वह ना केवल केमिकल से बना हुआ था बल्कि उसमें खराब गुणवत्ता वाले इन्ग्रिडियेंट भी इस्तेमाल किया गया था।
देहरादून का एक गैर सरकारी संगठन सोसाइटी आॅफ पाॅल्यूशन एंड इन्वाॅरमेंट कन्जरवेशन साइंटिस्ट (एसपीईसीएस) ने एक अध्ययन के बाद पाया है कि गांगोत्री, यमुनोत्री, बद्रीनाथ और केदारनाथ के चारों देवस्थानों में इलायची को प्रसाद के रुप में दिया गया था,जिसमें रसायन शामिल थे। इसके अलावा, एनजीओ ने दावा किया है कि, घी, नारियल, काजू और किशमिश भी खराब गुणवत्ता के थे।
एनजीओ ने मई-जून की अवधि में 1,143 खाद्य पदार्थों का सेंपल लिया और जांच करने पर 983 नमूनों में मिलावट मिला।एनजीओ के एक अधिकारी ने कहा कि इससे ज्यादा बुरा क्या हो सकता है कि भोजन तैयार करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले नमक में आयोडीन शामिल नहीं है।
टेस्ट किए गए सेंपल के कुल नमूनों में से 86% का मिलावट मिला। नमक के सैंपल में 81 प्रतिशत में आयोडीन नहीं था, सरसों के तेल और वर्मिलियन मिलावटी पाए गए।चाइनिज नूडल्स बनाने के लिए इस्तेमाल में आने वाले मिर्च के सॉस, टमाटर सॉस और सिरका जैसे कुछ सामान्य आइटम खाने के लिए हानिकारक और अनफिट पाए गए।
एसपीईसीएस के सेक्रेटरी बृजमोहन शर्मा ने बताया कि “केवल भोजन ही नहीं, यहां तक कि देवताओं को चढ़ाया जाने वाला प्रसाद खराब गुणवत्ता का है। यात्रा पर लोगों को दिया जाने वाला खाना जिसकी गुणवत्ता इतनी खराब हो वह जीवन के लिए गंभीर खतरा हो सकता है। नमक, जो खाने के लिए सबसे एक महत्वपूर्ण माना जाता है,वो भी आयोडीन के बिना पाया गया जो खतरनाक है।”
चारधाम यात्रा शुरु होने के पहले 10 दिनों में, 2.21 लाख तीर्थयात्रियों ने बद्रीनाथ और केदारनाथ में श्रद्धांजलि अर्पित की। तीर्थयात्रा का मौसम 27 अप्रैल को शुरू होने के बाद करीब 15 लाख तीर्थयात्रियों ने दो महीनों में चार पर्वतों का दौरा किया।
खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसए) एडिशनल कमीश्नर पंकज पांडे ने एनजीओ के निष्कर्षों को खारिज कर दिया।उन्होंने कहा कि “यदि निष्कर्ष वास्तविक हैं, तो वे सरकार के साथ अपने आंकड़े क्यों नहीं साझा करते हैं?उन्होंने कहा कि हम इस बात का दावा नहीं कर सकते कि कि चारधाम मार्ग पर कोई मिलावट नहीं है, लेकिन यह रिपोर्ट बढा़-चढ़ा कर पेश की गई है।
वहीं पर्यटन सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम भी पंकज पांडे के समर्थन में आए।उन्होंने कहा कि “मैं यह नहीं कह सकता कि रिपोर्ट सही है या नहीं, लेकिन यह राज्य का नाम खराब करती है। अगर एनजीओ मिलावट को लेकर इतनी परेशान है, तो यह प्राधिकरण तक क्यों नहीं पहुंचता है?
एसपीईसीएस के सचिव बृजमोहन शर्मा से इस बारे में कहा कि “हम साल 2005 से यह टेस्ट करते आ रहे हैं लेकिन इसपर सरकार का रवैया मुझे आज तक समझ नहीं आया,रिर्पोट को खारिज़ करने के अलावा आज तक किसी भी सरकार ने इसपर कोई कदम नहीं उठाया है”।उन्होंने कहा कि “रही बात राज्य का नाम खराब होने की तो हमारा काम जनता को सही और सच बताने का है हम वहीं कर रहे हैं।” रिर्पोट के बारे में उन्होंने कहा कि “राज्य में सचिव से मिलना मुश्किल होता है और सीएम को हमने यह रिर्पोट भेज दी है।शर्मा ने कहा कि देखना यह है ये सरकार इसपर कोई कदम उठाती है या नहीं।”
वहीं शासन की तरफ से भी इन खबरों पर ध्यान देते हुए जिलाधिकारियों और अधिकारियों को यात्रा मार्ग पर पड़ने वाले खाने की दुकाओनों आदि पर सैंपलिंग कर प्रसाद, खाना आदि कि गुणवत्ता की जांच करने को कहा गया है।
उत्तराखंड में शनिवार-रविवार को भारी बारिश की संभावना
सूबे में भारी बारिश से अभी राहत मिलने वाली नहीं है। मौसम विभाग ने एक बार फिर से सूबे के सात जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, शनिवार और रविवार को देहरादून समेत सात जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है। इसके साथ ही शुक्रवार को भी कई जगह भारी बारिश हो सकती है, जबकि राजधानी देहरादून सहित सूबे कई जिलों में गुरुवार को रूक-रूककर वर्षा होती रही।
विभाग के अनुसार, इससे पहाड़ में जहां भूस्खलन हो सकता है वहीं मैदान में नदी किनारे बाढ़ जैसे हालात पैदा हो सकते हैं। देहरादून मौसम केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह के मुताबिक, शुक्रवार को भी प्रदेश में कई जगह भारी बारिश हो सकती है। लेकिन बारिश के असली तेवर शनिवार और रविवार को देखने को मिल सकते हैं। इस दौरान देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, चम्पावत, नैनीताल पिथौरागढ़ और यूएस नगर में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं विभाग के मुताबिक, अगले दो-तीन दिन प्रदेश में अच्छी बारिश के आसार हैं। इस कारण पहाड़ में कई जगह भूस्खलन के साथ ही मैदान में नदी-तटों पर बाढ़ जैसे हालात का सामना करना पड़ सकता है।
मूसलाधार बारिश से जलमग्न हुई तीर्थनगरी
गुरुवार को तीर्थनगरी हरिद्वार में हुई मूसलाधार बारिश के कारण शहर जलमग्न हो गया। करीब डेढ़ घंटे की बारिश के कारण कई दुकानों व घरों में पानी घुस गया। बारिश और जलभराव के कारण कई स्थानों पर जाम लग गया।
गुरुवार को तीर्थनगरी में बादल जमकर बरसे। प्रातः करीब सात बजे आरम्भ हुई बारिश से सम्पूर्ण तीर्थनगरी में जलभराव हो गया।। शहर की कोई ऐसी सड़क व गली नहीं बची, जहां जलभराव न हुआ हो। उपनगरी ज्वालापुर, मध्य हरिद्वार, उत्तरी हरिद्वार व ज्वालापुर के कई इलाकों में भारी जल भराव के कारण कई घरों व दुकानों में पानी घुसने से लोगों का काफी नुकसान हुआ। मध्य हरिद्वार के रानीपुर मोड़ पर हर बार की तरह इस बार भी भारी जलभराव देखने को मिला। रानीपुर मोड़ पर करीब पांच फुट के लगभग जलभराव होने से कई यहां यातायात बाधित रहा। वहीं, गोविन्दपुरी में भी कई घरों में पानी घुस गया। ऐसा ही कुछ हाल उत्तरी हरिद्वार में भी देखने को मिला। यहां भी कई कालोनियों व आश्रमों में बरसात का पानी घुसने से लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। रानीपुर मोड़ पर जल निकासी के लिए लगाए गए पम्पिंगसेट भी किसी काम न आए। बरसात के कारण ड्यूटी पर जाने वाले लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा। सबसे अधिक समस्या सिडकुल व भेल जाने वालों को हुई। जहां रानीपुर मोड़ पर जलभराव के कारण वह सिडकुल व भेल क्षेत्र में नहीं जा सके। बरसात बंद होने बाद लोग जब घरों से काम के लिए निकले तो सड़कों पर जलभराव के कारण उनको समस्याओं से दो-चार होना पड़ा।
वहीं, प्रदेश के पर्वतीय इलाकों में हो रही बारिश और तीर्थनगरी में हुई मूसलाधार बारिश के कारण गंगा का जलस्तर भी बढ़ गया। राजमार्ग निर्माण के कारण भी लोगों की समस्या में इजाफा हुआ। जहां भराव के लिए डाली गई मिट्टी सड़कों पर बरसात के कारण बह आई, जिस कारण सड़कों पर कीचड़ होने से वाहन चलाने में लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बहराल काफी दिनों से ऐसी बरसात की उम्मीद लगाए बैठे तीर्थनगरी के बाशिंदों को गुरुवार को हुई मूसलाधार बारिश के कारण खासी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
स्टेशन से कुछ दूर पहले शताब्दी का इंजन फेल
उत्तराखंड के अन्तिम रेलवे स्टेशन देहरादून में गुरुवार को शताब्दी एक्सप्रेस का इंजन फेल हो गया, जिसके कारण ट्रेन लेट हो गई।शताब्दी एक्सप्रेस रेलवे स्टेशन के पास जैसे पहुंची, उसका इंजन फेल हो गया। बाद में दूसरा इंजन लगाया गया। स्टेशन मास्टर करतार सिंह ने बताया कि 12 बजकर 40 मिनट पर शताब्दी देहरादून रेलवे स्टेशन पर पहुंचती है, लेकिन इंजन में करंट न आने के कारण रेलवे स्टेशन पर अफरा-तफरी का माहौल रहा। इसके कारण ट्रेन आने में करीब एक घंटे की देरी हुई। शताब्दी को सामान्य इंजन से खींचकर प्लेटफार्म तक लाया गया, तब कहीं जाकर व्यवस्था ठीक हुई। स्टेशन मास्टर का कहना है कि शताब्दी अपने निर्धारित समय से ही दिल्ली के लिए रवाना होगी।
दून विवि के आलोक नैथानी को जर्मन सरकार ने चुना सर्वश्रेष्ठ शिक्षक
दून विश्वविद्यालय के जर्मन भाषा विभाग के अस्सिटेंट प्रोफेसर आलोक नैथानी को जर्मन सरकार ने जर्मन भाषा का सर्वश्रेष्ठ शिक्षक चुना है। जर्मन सरकार ने विभिन्न श्रेणियों में सर्वश्रेष्ठ शिक्षक चुनने के लिए भारत में राष्ट्रीय स्तर पर प्रतियोगिता का आयोजन किया। इस प्रतियोगिता में आलोक नैथानी को वयस्कों के लिए सर्वश्रेष्ठ शिक्षक चुना गया है।
प्रतियोगिता जीतने के बाद पुरस्कार के तौर पर आलोक नैथानी व तीन अन्य शिक्षकों को बर्लिन, जर्मनी के ग्योथे इंस्टीट्यूट में एक महीने का जर्मन भाषा का एडवांस कोर्स करने का मौका मिला। साथ ही बेहतर प्रदर्शन करने वाले जर्मन भाषा सीख रहे 31 भारतीय छात्रों को भी बर्लिन यात्रा के लिए चुना गया। अपनी बर्लिन यात्रा के दौरान आलोक नैथानी व अन्य शिक्षकों और छात्रों को जर्मन चांसलर एंगेला मर्केल से मिलने का मौका मिला। बर्लिन से वापस लौटने के बाद आलोक नैथानी ने कहा कि जर्मन भाषा को सीखने के बाद छात्रों के पास दुनियाभर में नौकरी के तमाम अवसर होते हैं। साथ ही जर्मन संस्कृति और समाज को भी समझने का भी मौका मिलता है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में सिर्फ दून विश्वविद्यालय से ही जर्मन भाषा की डिग्री ली जा सकती है। छात्रों को इसका लाभ उठाना चाहिए। नैथानी की इस उपलब्धि पर दून विवि में जश्न का माहौल रहा।
ए.टी.एम. क्लोनिंग केस में वांछित चल रहे तीन अभियुक्तो की जानकारी के लिये ईनाम घोषित
देहरादून में ए.टी.एम. क्लोनिंग से सम्बधित थाना नेहरूकालोनी में पंजीकृत मु.अ.स. 206/17 धारा 379/411/420/ 467/468/471/120बी. भादवि तथा 65/66डी. आई.टी. एक्ट व 95 अन्य अभियोगों में वांछित चल रहे सोमवीर,जगमोहन सुनील पर आज वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून ने 2500/- रूपये (प्रत्येक) का ईनाम घोषित किया हैं।
पूर्व में उक्त अभियुक्तो के विरुद्ध मा.न्यायालय से गिरफ्तारी वारंट तथा कुर्की के लिए 82 सीआरपीसी नोटिस प्राप्त किया गया था, जिसकी तामीली हेतु अलग-अलग टीमें बनाकर संबंधित स्थानों को रवाना की गई थी।
उत्तराखंड शासन में हुआ फेरबदल 18 आईएएस और पीसीएस अधिकारियों के तबादले
उत्तराखंड में शुक्रवार को आईएएस और आईपीएस की जिम्मेदारियों में हुए बड़े फेरबदल:
आईएएस तबादले-
- रणवीर सिंह आईएएस अपर मुख्य सचिव कृषि एवं कृषि विपरण से हटाए गए ।
- अमित सिंह नेगी सचिव गन्ना चीनी उद्योग से हटाए गए।
- दिलीप जावलकर आईएएस बने सीईओ स्मार्ट सिटी और आयुक्त गढ़वाल मंडल।
- हरबंस सिंह चुघ सचिव् प्रोटोकॉल खेल एवं युवा कल्याण बनाए गए।
- विजय कुमार ढोण्डियाल अध्यक्ष बहुउद्देशीय वित्त विकास निगम।
- रविनाथ रमन बने प्रभारी सचिव समाज कल्याण एवं कारागार।
- दीपक रावत हटाए गए उपाध्यक्ष हरिद्वार विकास प्राधिकरण से।
- विनोद कुमार सुमन अपर सचिव आपदा प्रबंधन से हटाए गए।
- सविन बंसल को अपर सचिव आपदा प्रबंधन की मिली जिम्मेदारी।
- नितिन भदौरिया को बनाया बनाया उपाध्यक्ष हरिद्वार विकास प्राधिकरण।
पीसीएस तबादले-
- तुलसीराम को अपर सचिव सहकारिता की मिली जिम्मेदारी
- बाल मयंक मिश्रा को अपर सचिव पशुपालन की मिली जिम्मेदारी ।
- आनंदस्वरूप बने सचिव उत्तराखंड लोक सेवा आयोग।
- वंशीधर तिवारी से सचिव उत्तराखंड लोक सेवा आयोग का पद हटा ।
- संजय कुमार निदेशक दुग्ध विकास एवं महिला डेयरी नैनीताल बने ।
- दीप्ति सिंह को मुख्य नगर अधिकारी रुद्रपुर से हटाया गया।
- अशोक कुमार पांडे मुख्य नगर अधिकारी नगर निगम हरिद्वार बने।
- जय भारत सिंह मुख्य नगर अधिकारी रुद्रपुर बने।
खूनी संघर्ष के बाद हरिद्वार के मेयर मनोज गर्ग अस्पताल में भर्ती
दो मंत्रियों और मेयर के समर्थकों की भिड़ंत में अनेक भाजपा कार्यकर्ता घायल हुए है तो मेयर भी घायल हो गए है ।मेयर मनोज गर्ग को सिर में चोट लगी है और उनको निजी हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया है ।मेयर मनोज गर्ग का कहना है कि पूरे शहर में तबाही मची हुई थी तब ही आश्रम द्वारा करवाई गई दीवार को हटवाने की बात थी कि तब ही आश्रम से निकले गुंडों ने रोड लाठी आदि से हमला कर दिया ओर उन्होंने बीचबचाव किया तो उनके भी सिर पर लठ मारे गए।वे कह रहे है कि पूरे शहर में पानी भरा था ऐसे में पुलिस कहा कहा जाती ।वे कहते है कि इन लोगो को।पहले भी दीवार हटाने के लिए कहा था मगर पता नही को सी सत्ता की नशे में चूर है ।वे कह रहे है कि उन्होंने पब्लिक को भी नही बक्शा ,वे कहा रहे है कि उन्होंने मंत्री तो बहुत देखे है मगर इस किस्म का मंत्री पहली बार देखा है जो गुंडे पालकर रखता है ।जबकि सत्ता में है तो हाथ जोड़कर रहना चाहिए उन्होंने पुलिस पब्लिक सभी पर हमला किया ।मेयर के प्रतिनिधि अनिलपुरी का कहना है कि शहर में बरसात से पानी भरने की सूचना पर सभी निकल गए थे तब ही प्रेमनगर आश्रम से पानी की निकासी नही होने की सूचना मिली थी ।सिटी मजिस्ट्रेट की हरिद में बाधा बन रही दीवार हो हटाने की बात हो रही थी जिसका उनके द्वारा विरोध किया गया और उन्होंने हमला कर दिया जबकि मेयर ने रोकने का प्रयास किया ।उन्होंने बताया कि मेयर के अलावा कोई पार्टी कार्यकर्ता और मेडियकर्मी घायल है।
समर्थकों में मारपीट की सूचना पर मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है ।एसएसपी कृष्ण कुमार वीके ने कहा कि यह मामले के डिटेल में जाने में समय लगेगा मगर यह पर लॉ एंड आर्डर।की प्रॉब्लम है और दोनों तरफ से पथराव हुआ है उसी को कंट्रोल करने पहली प्राथमिकता है मगर यह क्यो हुआ है यह सब देखने वाली चीजें है ।मेयर साहब के चोट आई है और दोनों ओर से लाठी पत्थर चले है और अगर अतिक्रमण हटाना भी था तो पुलिस फोर्स को साथ लेकर चलना चाहिए ।जो हुआ उसका बाद में पोस्टमार्टम करेंगे ।फिलहाल स्थिति को सम्भालना है।कितने लोग घायल है यह संख्या उनके पास नही है ।





























































