(देहरादून) भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) विभाग ने देशभर के सूखते जल स्रोतों को रीचार्ज (पुनर्भरण) करने का बीड़ा उठाया है। उत्तराखंड में इस काम की शुरुआत अल्मोड़ा जिले के जल स्रोतों से की जा रही है। इसको लेकर जीएसआई ने केंद्रीय भूजल बोर्ड के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं। भूजल बोर्ड व उत्तराखंड जल संस्थान के आंकड़ों पर गौर करें तो अल्मोड़ा के करीब 46 जल स्रोतों का पानी निरंतर घट रहा है, जबकि इनमें से 10 स्रोतों का पानी 90 फीसद तक घट गया है।
जीएसआई के निदेशक भूपेंद्र सिंह के अनुसार अल्मोड़ा में उत्तर अल्मोड़ा व दक्षिण अल्मोड़ा नाम से दो भूकंपीय फॉल्ट लाइन गुजर रही है। अल्मोड़ा का बड़ा भूभाग इन दोनों लाइनों के मध्य आता है और इनके दायरे में आने वाले जल स्रोतों को ही रीचार्ज करने का निर्णय लिया गया है। जीएसआइ निदेशक भूपेंद्र सिंह के अनुसार देखा जाएगा कि कहीं फॉल्ट के सक्रिय स्थिति में होने के चलते तो स्रोत नहीं सीख रहे। स्थिति स्पष्ट होने के बाद उसके मुताबिक जल स्रोतों को रीचार्ज करने की कार्रवाई की जाएगी।
एमओयू हस्ताक्षरित होने के बाद जीएसआइ ने बोर्ड ने अल्मोड़ा के जल स्रोतों का पूरा ब्योरा मांगा है। वहीं, बोर्ड के क्षेत्रीय प्रमुख अनुराग खन्ना का कहना है कि उनके पास अभी सीमित रूप से जल स्रोतों की जानकारी उपलब्ध है। वह जल संस्थान से आग्रह करेंगे कि जिन भी स्रोत का वह जलापूर्ति के लिए प्रयोग कर रहे हैं, उनकी जानकारी अध्ययन के लिए उपलब्ध कराएं।
अल्मोड़ा के सूखते स्रोतों की तस्वीर (सूखने की स्थिति फीसद में)
ब्लॉक, 50 से 75, 75 से 90, 90, कुल
ताड़ीखेत, 04, 13, 04
भिकियासैण, 02, 07, 06
चौखुटिया, 02, निल, निल, 02
स्यालदेय, 03, 05, निल, 08
कुल, 11, 25, 10, 46
1.5 लीटर प्रति मिनट प्रवाह
केंद्रीय भूजल बोर्ड अल्मोड़ा जिले के 15 जल स्रोतों की मॉनिटरिंग करता है। बोर्ड के अध्ययन की बात करें तो जिले में दो जल स्रोत ऐसा भी है कि जिसका प्रवाह महज 1.5 लीटर प्रति मिनट तक पाया गया है। वहीं, आठ स्रोत ऐसे हैं, जो प्रति मिनट 10 व इससे कम लीटर पानी देते हैं।
कम प्रवाह वाले स्रोत (लीटर प्रति मिनट में)
चिंदोआ 1.5, भगतोला 1.5, धारा नौला जू 02, पालना 02, गुरुड़ा 2.25, धारा नौला 06, दीपकोट 7.5, सोमेश्वर 10
जीएसआई ने उठाया उत्तराखंड के सूखते जल स्रोतों को रीचार्ज करने का बीड़ा
कोबरा गैंग के पांच बदमाश गिरफ्तार, नकदी समेत 30 लाख की स्मैक बरामद
(देहरादून) शिक्षण संस्थानों में पढ़ाई कर रहे छात्रों को स्मैक आदि सप्लाई करने वाले कोबरा गैंग के पांच बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से करीब 30 लाख की स्मैक और एक लाख 20 हजार की नकदी बरामद हुई है। आरोपी जिले शिक्षण संस्थानों में सोशल मीडिया के माध्यम से छात्रों स्मैक आदि सप्लाई करते थे।
सोमवार को एसएसपी देहरादून ने बताया कि जिले की कई शिक्षण संस्थानों के छात्रों को नशे का शिकार बनाये जाने के लिए कोबरा गैंग के नाम के एक नेटवर्क सक्रिय होने सूचना मिली थी। थाना प्रेमनगर, थाना बसंत विहार पुलिस और एसओजी की टीमें गठित कर जांच की जा रही थी। सोमवार की सुबह मुखबिर से सूचना मिली की स्मैक की तस्करी करने वाले अन्र्तराजीय गिरोह के कुछ सदस्य आज देहरादून पहुंच कर सैलाकुई में सप्लाई करने के बाद प्रेमनगर की ओर आ रहे है। इस पर एएसपी सदर द्वारा टीम के साथ चौकी झाझरा पर प्रारम्भ की गयी चैकिग के दौरान धूलकोट की तरफ से आती हुई एक सफेद गाडी को रोकने का इशारा किया तो चालक ने गाडी को बैक करके भागने का प्रयास किया। जिसको टीम द्वारा घेर कर पकड लिया गया। गाडी की तलाशी लेने पर उसमें पांच युवको से अलग-अलग कुल से 280 ग्राम स्मैक जिसकी कीमत लगभग 30 लाख रूपये व एक लाख 20 हजार रूपये नगद, एक अवैध तमंचा बरामद हुआ।
पूछताछ में अभियुक्त अजीत, रजत पुष्पेन्द्र निवासीगण देहरादून द्वारा नशे के कारोबार से मोटी रकम कमाने के लालच में बरेली निवासी शेरदिल खान व शाहिद से स्मैक प्राप्त कर देहरादून के विभिन्न कालेज के छात्र-छात्रों व सेलाकुई स्थितऔद्योगिक क्षेत्र के श्रमिकों को सप्लाई करने की बात स्वीकार की। बरामद 1 लाख 20 हजार रूपये सेलाकुई में विभिन्नों ग्राहकों को स्मैक बेचकर प्राप्त होने की बात बताया।
अभियुक्तों द्वारा वाट्सअप, फेसबुक व सोशल मीडिया के माध्यम से अपने ग्राहकों से स्मैक की बुकिंग प्राप्त करने के बाद माल को बुकिंग के अनुसार पर्चियां / पैकेट बनाकर अलग- अलग टीमें तैयार कर ग्राहकों को सप्लाई किया जाता है। सबसे पहले अजीत एवं पुष्पेन्द्र माल को बाटंने का रूट तय करते है। फिर इनका अपना कोई एजेंट स्कूटी से पूरे रोड की रैकी करता है और रूट क्लीयर करने के पश्चात दूसरा व्यक्ति माल की डिलीवरी करता है। इस दौरान कोई भी किसी से मौबाइल पर वार्ता लाप नही करता है। केवल अजीत के द्वारा ही ग्राहक से सम्पर्क किया जाता है।
गिरफ्तार अभियुक्त शेरदिल खान पुत्र शेर अली खान निवासी माधवपुर माफी मौहल्ला इस्लाम नगर थाना फतेहगंज बरेली उत्तरप्रदेश, अजीत पुत्र वीर सिंह निवासी रायुपर रोड सर्वे चौक देहरादून, पुष्पेन्द्र पुत्र जयप्रकाश शर्मा निवासी करनपुर देहरादून,शाहिद पुत्र मुस्ताक निवासी ग्राम इस्लाम पुर तहसील मीरगंज थाना फतेहगंज बरेली उप्र, रजत जैसवाल पुत्र राकेश जैसवाल निवासी करनपुर थाना डालनवाला के रहने वाले है।
जनवरी से एम्स एमबीबीएस प्रवेश परीक्षा के आवेदन, 27 मई को होगी परीक्षा
(देहरादून) अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में एमबीबीएस के दाखिले की तैयारी कर रहे युवाओं का इंतजार खत्म होने वाला है। एम्स एमबीबीएस प्रवेश परीक्षा 27 मई को आयोजित की जाएगी। जिसके लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया जनवरी माह में शुरू होगी।
बता दें कि एम्स और जिपमर राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा यानी नीट के दायरे में नहीं आते हैं। इन दो संस्थानों को अपनी स्वयं की प्रवेश परीक्षा की छूट दी गई है। देश में 7 एम्स में एमबीबीएस पाठ्यक्रमों में प्रवेश के इच्छुक उम्मीदवारों को एम्स एमबीबीएस परीक्षा देना आवश्यक है। जिसकी आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन है। अभ्यर्थी 12 वीं या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण, या फिर 2018 में बारहवीं की परीक्षा में सम्मलित हुआ होना चाहिए। एम्स एमबीबीएस परीक्षा के परिणाम 12 जून तक घोषित किए जाएंगे और जुलाई काउंसिलिंग प्रक्रिया शुरू होगी। आवश्यकता पडऩे पर 27 सितंबर को ओपन काउंसिलिंग का भी आयोजन किया जाएगा। परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन शुरू होने की संभावित तिथि 2 जनवरी है। बलूनी क्लासेज के एमडी विपिन बलूनी के अनुसार देश के दिल्ली सहित कुल सात एम्स में एमबीबीएस की 707 सीटें हैं। एम्स की परीक्षा तुलनात्मक रूप से मुश्किल मानी जाती है। एग्जाम का एक सेक्शन एप्टीट्यूड एंड लॉजिकल थिंकिंग का रहेगा। इस सेक्शन के तहत 10 सवाल पूछे जाएंगे। इसके अलावा फिजिक्स, कैमिस्ट्री व बायोलॉजी के 60-60 और जनरल नॉलेज के 10 प्रश्न रहेंगे। यानी अच्छे स्कोर के लिए किसी भी छात्र को एप्टीट्यूड एंड लॉजिकल थिंकिंग पर भी मेहनत करनी होगी। उन्होंने बताया कि गत वर्षों में प्रदेश के छात्र-छात्राओं का एम्स एमबीबीएस प्रवेश परीक्षा में सफलता का प्रतिशत बढ़ा है।
पतंजलि बनाएगी 671 करोड़ की लागत से हर्बल पार्क
हरिद्वार, पतंजलि आयुर्वेद लिमिटेड के एमडी आचार्य बालकृष्ण और छत्तीसगढ़ वाणिज्य उद्योग विभाग के विशेष सविच डाॅ. कमलप्रीत सिंह ने एक एमओयू पर हस्ताक्षण किए। इसके तहत राजनांदगांव के ग्राम बिजेताला में कृषि व हर्बल प्रसंस्करण पार्क का निर्माण किया जाएगा, इसके लिए कंपनी 671 करोड़ का निवेश करेगी।
आचार्य बालकृष्ण ने रायपुर में बताया कि इस उद्योग में आंवला, एलोवेरा जूस तथा टमाटर कैचप के साथ अन्य कृषि उपजों से खाद्य वस्तुओं का उत्पादन किया जाएगा। बिजेताला में पतंजलि द्वारा लगभग 500 एकड़ में यह उद्योग स्थापित किया जाएगा। इससे रोजगार का सृजन होगा। इस उद्योग से प्रत्यक्ष रूप से लगभग 2200 तथा परोक्ष रूप से लगभग 22000 युवाओं को रोजगार मिलेगा। पतंजलि आयुर्वेद किसानों से सीधे उनकी फसल खरीदेगी तथा हर्बल पार्क में उसको प्रसंस्करित करेगी। किसानों को बिचैलियों के मनमाने भाव पर फसल बेचने की मजबूरी से निजात मिलेगी।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने प्रदेश के विकास के लिए पतंजलि के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि पतंजलि योगपीठ वर्षों से राष्ट्रसेवा के कार्य करते हुए रोजगार का सृजन करती रही है। इससे युवाओं को न सिर्फ आगे बढ़ने का अवसर मिला है अपितु उनकी क्षमताओं का भी विकसित हुआ है। अपनी यात्रा के दूसरे पड़ाव में आचार्य बालकृष्ण रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय पहुंचे। उन्होंने विवि द्वारा तैयार किए गए सर्पगंध, अश्वगंध, गिलोय, केवांच, ऐलोवेरा, लैमन ग्रास, अपराजिता, पचैली, हडजोड़ व पान सहित लगभग 160 औषधीय एवं सुगंधित पौधों की प्रजातियों का अवलोकन किया तथा उन्हें खरीदने में रुचि दिखाई। उन्होंने कहा कि इसके लिए विवि को अलग से प्रस्ताव भेजेंगे। कृषि विवि के कुलपति डाॅ. एसके पाटील ने औषधीय व सुगंधित फसलों के उत्पादन और संरक्षण के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी।
मौसम की ठंडक में सब्जियाें के दामों में वृद्धि से बिगड़ा जायका
(ऋषिकेश) सर्दी के मौसम में हरी सब्जियां भी लाल हो गई हैं। जैसे-जैसे ठंडक बढ़ रही है, सब्जियों के दाम में उछाल आ रहा है। पिछले कुछ दिनों से सब्जियों के दामों में जबरदस्त वृद्धि हुई है। आलम यह है कि बिना प्याज व टमाटर के तड़का लगाकर किसी तरह काम चला रहे लोगों को अब सब्जियों के दामों में मुल्यवृद्वि होने से भारी समस्या से जूझना पड़ रहा है। यूं कहें कि सब्जियों ने रसोई का जायका खराब कर दिया है तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी। ग्राहक सब्जियों में आए उछाल के कारण खासे परेशान हैं।
शहर में मटर ,फूल गोभी, शिमला मिर्च सहित तमाम सीजनल सब्जियां ग्राहकों की जेबों पर भारी पड़ रही है। बाहर से आने वाले सब्जी महंगे दामों में बिक रही है, वहीं देसी सब्जी में भी काफी उछाल आया है। एक महीने से सब्जियों के मूल्यों में उछाल है। मंडी मे खरीदारी कर रही लता, पूजा, पूनम, सुनीता, सविता शर्मा ने बताया कि कुछ समय पहले सब्जी के दामों मे स्थिरता थी, लेकिन अब फिर से उछाल दिखने लगा है। सब्जियों के दामों में खासी बढ़ोतरी हुई है। स्थानीय निवासी रमेश बिष्ट, दीनू, नितिन, उत्तम का कहना है कि जाड़े की दस्तक के बाद से सब्जियों के दामों मे लगातार वृद्वि हो रही है। कोई भी सब्जी 40 रुपये प्रतिकिलो से नीचे नहीं है। दिलचस्प बात यह है कि स्थानीय प्रशासन रोज मर्रा की चीजों सहित फलों एवं सब्जियों की कीमतों पर नियंत्रण लगाने के प्रति पूरी तरह से उदासीन बना हुआ है जिसकी वजह से मुनाफाखोरी के बाजार मे उपभोक्ताओं को हर चीज मंहगी खरीदनी पड़ रही है।
अब नौसिखियों को नहीं मिलेगा ड्राइविंग लाइसेंस
देहरादून। लापरवाह और नौसिखिये चालक अब दलालों के जरिए लाइसेंस हासिल कर सड़क पर फर्राटा नहीं भर पाएंगे। इन पर लगाम कसने के लिए सरकार नई व्यवस्था अमल में लाने जा रही है। इसके तहत परिवहन विभाग अब सिमुलेटर पर नहीं, बल्कि ड्राइविंग टेस्टिंग लेन पर चालकों की परीक्षा लेगा।
यह परीक्षा कैमरे में भी कैद होगी और सफल अभ्यर्थियों को ही लाइसेंस मिल पाएगा। इसके लिए परिवहन विभाग प्रदेश के 10 स्थानों पर ऑटोमेटेड ड्राईविंग टेस्ट लेन बनाने की तैयारी में जुट गया है। दो स्थानों पर विभाग को भूमि भी मिल चुकी है, जबकि चार जगह भूमि चिह्नित कर ली गई है। शेष चार स्थानों पर इसकी तलाश की जा रही है।
देशभर में बढ़ते सड़क हादसों के पीछे मानवीय भूल एक बड़ा कारण उभर कर सामने आया है। आंकड़े तस्दीक करते हैं कि तकरीबन 70 फीसद सड़क दुर्घटनाएं वाहन चालक की लापरवाही से होती हैं। यह भी तथ्य सामने आया है कि नौसिखिये चालक सबसे अधिक वाहन दुर्घटनाओं का कारण हैं। उत्तराखंड में भी इसे देखते हुए लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया सख्त की गई।
इस क्रम में अभी अधिकांश परिवहन कार्यालयों में सिमुलेटर पर वर्चुअल (आभासी) ड्राइविंग टेस्ट लिया जा रहा है। हालांकि, इससे चालक का वास्तविक टेस्ट नहीं हो पाता है। इसे देखते हुए अब इसे भी बदलने की तैयारी चल रही है। अब लाइसेंस की परीक्षा ऑटोमेटेड ड्राइविंग टेस्ट ट्रेक पर होगी।
ये है चिंता की वजह
- वाहन दुर्घटनाओं का बढ़ता प्रतिशत ।
- दुर्घटनाओं में मौत का ग्राफ बढ़ना ।
- अनाड़ी चालकों को लाइसेंस मिलना ।
- दलालों की मार्फत अपात्रों को लाइसेंस ।
- तय मानकों पर परीक्षा न लेना ।
यहां बनेंगी टेस्टिंग लेन
- देहरादून, विकासनगर, ऋषिकेश, हरिद्वार, रुड़की, ऊधमसिंह नगर, काशीपुर, कोटद्वार, हल्द्वानी और अल्मोड़ा।
परीक्षा में इन पर उतरना होगा खरा
- समानांतर पार्किंग करने की दक्षता
- एट (8) की आकृति बनाने की परीक्षा
- गाड़ी से रिवर्स गियर में एस (s) बनाना।
- ढाल में खड़ी गाड़ी को बिना पीछे आए आगे चढ़ाई पर चढ़ाना (केवल 15 इंच की छूट) ।
- दोपहिया वाहनों को दो बार एट (8) की आकृति बनाने की परीक्षा।
बीमा एजेन्ट बताकर 85 लाख की ठगी, तीन गिरफ्तार
देहरादून। बीमा एजेन्ट बताकर दून निवासी एनके शुक्ला से 85 लाख रूपये की ठगी करने वाले तीन आरोपियों को उत्तराखंड पुलिस ने दिल्ली से गिरफ्तार किया है। अरोपियों के पास से पांच मोबाइल फोन और दस सिमकार्ड बरामद हुआ है। आरोपियों ने अपने आप को बिरला सनलाईफ इंश्योरेंस का एजेन्ट बताकर एनके शुक्ला को बीमा पॉलिसी सरेन्डर करने में मदद का आश्वासन देकर ठगी की घटना को अंजाम दिया था। इस संबंध में एनके शुक्ला ने थाना बसंत विहार पर बीते 17 दिसम्बर को मामला दर्ज कराया था।
पुलिस ने बताया कि एनके शुक्ला ने मैक्स न्यू इंश्योरेंस कम्पनी से तीन बीमा पॉलिसी करायी थी। जिनको वे बंद कराना चाहते थे। गिफ्तार आरोपियों ने अपने आप को बिरला सनलाईफ इंश्योरेंस के एजेन्ट बताकर इन्हे बीमा पॉलिसी सरेन्डर करने में मदद का आश्वासन देकर लगातार उनके सम्पर्क में बने रहे। एनके शुक्ला इनके झांसे में आ गये। आरोपियों कुछ दिनों बाद कम किस्त जमा करने व पॉलिसी से ज्यादा पैसे दिलवाने का लालच देकर अलग-अलग करीब 17 मोबाईल नम्बरों का प्रयोग कर तथा अलग अलग एजेन्ट बताकर एनके शुक्ला के पेंशन एकाउन्ट की भी जानकारी हासिल कर ली तथा फर्जी एकाउन्ट में एनके शुक्ला से पैसे भी डलवाये गये। पेंशन एकाउन्ट की जानकारी हाथ लगने पर आरोपियों पेंशन एकाउन्ट को हैक करके करीब 85 लाख रूपये अपने फर्जी एकाउन्ट में ट्रान्सफर करा लिये थे।
मामले की जांच कर रही पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम को शनिवार को मुखबिर द्वारा आरोपियों के दिल्ली के थाना कल्याणपुरी थाना क्षेत्रान्तर्गत त्रिलोकपुरी में मौजूद होने की जानकारी मिली। पुलिस टीम ने सर्विलांस व मुखबिर की मदद से त्रिलोकपुरी व्लॉक 25 पार्क दिल्ली से अभियुक्त रोशन कुमार सिंह पुत्र मणिकान्त प्रसाद सिंह निवासी ग्राम सरोनी, थाना साकुन, जिला भागलपुर, बिहार, रमेश चन्द पुत्र जीतू प्रसाद निवासी 25/109 त्रिलोकपुरी, थाना कल्याणपुरी, नई दिल्ली, विनय कुमार पुत्र रामपाल शर्मा निवासी मौ.खतराना, थाना बिलग्राम, जिला हरदोई, उप्र को गिरफ्तार किया है।
अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि वे बीएसजी कॉल सेंटर नोएडा में मोबाईल ऑपरेटर का काम करते थे तथा पूरे भारत के विभिन्न राज्यों के कस्टमरों को पॉलिसी बेचने के लिये कॉल करते थे, इस कार्य के लिये पॉलिसी कम्पनी इन लोगों को कस्टमर डाटा उपलब्ध कराती थी, इस डाटा में कस्टमर का पूरा नाम, पता, मोबाईल नम्बर, पॉलिसी की सम्पूर्ण जानकारी होती थी। अभियुक्त कम्पनी से प्राप्त डाटा को चोरी कर लेते थे तथा ऐसे कस्टमर को चिन्हित करते थे जिनकी लगभग एक साल की किस्त लेप्स होती थी, फिर ये लोग चुराये गये डाटा की मदद से कस्टमर को कॉल करते थे कि उनकी बंद पडी पॉलिसी को फिर से शुरू कर पॉलिसी रेन्यू कराकर पॉलिसी की अवधि शॉर्ट टाईम करने व पूरा पैसा दिलाने का लालच देते थे। और अलग-अलग एकाउन्टों में पैसे डलवाते थे। आरोपियों ने एनके शुक्ला से वर्ष 2013 से वर्ष 2017 तक करीब 85 लाख रूपये हडप लिये।
पुलिस ने बताया कि अभियुक्त विनय के द्वारा शुक्ला को किये गये फोन नम्बर पर ट्रू कॉलर में सीबीआई लिखा आता था जिस पर शुक्ला को संदेह हुआ तथा उन्होंने इसकी जानकारी पुलिस को दी। ये लोग भिन्न-भिन्न मोबाईल नम्बरों से भिन्न-भिन्न नामों से शुक्ला से बात करते थे। धोखाधडी से प्राप्त किये गये पैसो की जानकारी व एकाउन्ट नम्बरों की विस्तृत जानकारी के लिये अभियुक्तों को पुलिस रिमांड पर लिया जायेगा। अन्य अभियुक्त सुनील कुमार व सोनू कुमार की तलाश के लिए पुलिस टीमें गठित कर दिल्ली व आसपास के क्षेत्रों में भेजी गई है।
ऋषिकेश में क्रिसमस की धूम, विदेशियों पर छाया पर्व
ऋषिकेश, धार्मिक एवं पर्यटन नगरी ऋषिकेश स्थित तपोवन के पृथ्वी पाल सदन में क्रिसमस का पर्व बेहद धूमधाम के साथ मनाया गया। लोगों ने घरों में जहां क्रिसमस ट्री सजाकर बच्चों को विभिन्न उपहार बांटे। वहीं राम झूला एवं लक्ष्मण झूला क्षेत्र में विदेशियों ने क्रिसमस पर जमकर मस्ती की।
वीकेंड के बाद क्रिसमस पर्व के चलते यहाँ पर्यटकों की भरमार लग गई। अधिकतर होटल व लॉज में कमरे बुक हो रहे। खासतौर पर राम झूला एवं लक्ष्मण झूला क्षेत्र में पर्यटन कारोबारियों की उम्मीद के अनुरुप क्रिसमस मनाने के लिए पर्यटकों का जमावड़ा लग गया। शनिवार देर शाम से ही सैकड़ों की संख्या में पर्यटक यहां पहुंचना शुरू हो गए थे। यह सिलसिला आजदिनभर जारी रहा।
पर्यटकों की आमद से होटल व्यवसायियों व पर्यटन कारोबार से जुड़े कारोबारियों के चेहरे भी खिल गए हैं। रमणीक क्षेत्र लक्ष्मण झूला मे होटल प्रबंधकों ने क्रिसमस के लिए विशेष तैयारियां की थी। पार्टी व पर्यटकों के मनोरंजन के लिए गीत संगीत का भी पूरा इंतजाम था। जिसका सबने भरपूर लुत्फ उठाया।इन सबके बीच लक्ष्मण झूला स्थित चर्च पर दिनभर क्रिसमस मनाने के लिए सभी धर्म साम्प्रदाए के लोगों की भीड़ लगी रही। चर्च में केंडल जलाकर लोगों ने प्रभु यीसु को याद किया।
मैड ने बुजुर्ग साथियों संग मनाया क्रिस्मस का पर्व
देहरादून, के शिक्षित छात्रों के संगठन, मेकिंग अडिफ्फेरेंस बाई बींग द डिफ्फेरेंस (मैड) संस्था के सदस्यों ने क्रिस्मस का पर्व प्रेम धाम के अपने बुजुर्गों के साथ मनाया। मैड सदस्यों ने न सिर्फ उनके साथ समय सांझा किया बल्कि उन्होने अपने साथियों के लिए खाने के व्यंजन भी बनाए।
क्रिस्मस का पर्व सभी के साथ खुशियां व प्यार बांटने का पर्व है और मैड के सदस्यों ने इसी भाव के साथ इस पर्व को मनाया। मैड की सदस्य सुभवि ने क्रिसमस पर्व को इस अंदाज में मनाए जाने के अनुभवों को साझा करते हुए कहा कि कुछ घंटो की बातचीत ने ही हम सभी को लम्बे समय के लिए मुस्कुराने की वजह दे दी है।
सदस्य राहुल गुरु ने कहा कि मैड के इस अभियान में समाज के अलग अलग पक्ष एक साथ आकर एक दूसरे के लिये खुशी और प्रेर्णा का स्त्रोत बने है। उन्होंने कहा कि संस्था का सही मकसद है कि शहर के और लोग भी साथ आकर देहरादून को बेहतर बनने की उसकी पहल का हिस्सा बनेंगे। अभियान में शरद महेश्वरी, अक्षिता धवन, हरिता, जाहन्वी आदि ने मुख्य भूमिका निभाई।
गिरजाघरों में क्रिसमस पर्व पर सुबह से उमड़ी भीड़
विकासनगर, यीशु मसीह के जन्मदिन पर विकासनगर चकराता, बड़ा रामपुर स्थित चर्चों में सुबह से ही विशेष प्रार्थना व सभाएं की गई। वेदी सेवकों ने धूपदान कराया औऱ मदर मरियम के आगे श्रद्धालुओं ने मोमबत्ती जलाई और दुआएं मांगी।
सोमवार को पछवादून के तमाम गिरजाघरों में सुबह से ही क्रिसमस पर्व पर लोगों की भीड़ उमड़ना शुरू हो गई। हिंदी, अंग्रेजी भाषाओं में पवित्र बाइबिल के संदेश सुनाए गए। लोगों ने घरों में भी केक काटकर प्रभु अवतरण की खुशियां मनाई। जगह-जगह क्रिसमस ट्री भी सजाए गए और दिनभर चर्च में प्रार्थना का दौर जारी रहा। रंग-बिरंगी रोशनी से गिरजाघर जगमगाए नगर आए।
लाल-सफेद लदबों में बच्चों को उपहार बांटते सेंटा क्लॉज और हवा में गूंजता जन्मा ओ जन्मा जग में मरियम का लाल जन्मा, हम चरवाहे नाचे झूमके, आया यीशु जग में तू पापियों को बचाने को, यीशु आया चरनी में, जन्मा जग में मरियम का कैरल्स गीत गाया गया। विकासनगर वारियर गर्ल्स ने सोमवार को बाड़वाला स्थित बस्ती में रहने वाले बच्चों क्रिसमस पर्व मनाया। उन्होंने बच्चों को उपहार और टाफियां भी बांटी। इस मौके पर रेहाना सिद्दकी, प्रीति सैनी, मोसिन, नेहा चौरसिया आदि मौजूद रहे।





























































