पौड़ी। पौड़ी को पर्यटन नगरी के रूप में विकसित करने के प्रयासों को लेकर शनिवार को विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी सुशील कुमार की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई। बैठक में डीएम ने खिर्सू-पौड़ी में पर्यटन हब, इको पार्क, एडवेंचर पार्क, मिनि स्टेडियम के साथ ही साहसिक पर्यटन की गतिविधियों जिसमें पैरा ग्लाडिंग से लेकर दूरबीन लगाए जाने तक की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश जिला पर्यटन विकास अधिकारी को दिए। इस मौके पर विभिन्न क्षेत्रों में पर्यटन सर्किट बढ़ाए जाने के प्रस्तावों पर चर्चा हुई। इनमें कंडोलिया-झंडीधार-डांडा नागराजा तथा लैंसडोन-ताड़केश्वर-रतवाढाब क्षेत्रों में पर्यटन की गतिविधियों को बढ़ाये जाने के प्रयास किए जाने पर चर्चा हुई।
बैठक में जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारियों को उनके क्षेत्रों में पर्यटन विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का मौका मुआयना करने के निर्देश दिए। उन्होंने कलाल घाटी व कर्ण्वाश्रम क्षेत्रों में पर्यटन की गतिविधियों को लिए पर्यटन विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों का भी निरीक्षण करने के निर्देश उप जिलाधिकारियों को दिए। उन्होंने गढ़वाल मंडल विकास निगम के गेस्ट हाउसों को हर प्रकार की सुविधा सम्पन्न करने तथा पुराने जर्जर गेस्ट हाउसों को अपडेट करने को कहा। इस मौके पर डीएफओ रमेश चंद, अपर जिलाधिकारी रामजी शरण शर्मा, एसडीएम सदर केएस नेगी, एसडीएम कोटद्वार राकेश तिवारी, एसडीएम श्रीनगर एमडी जोशी, एसडीएम थलीसैंण कमलेश मेहता, एसडीएम लैंसडोन सोहन सिंह सैनी, डीटीडीओ खुशाल सिंह नेगी आदि उपस्थित रहे।


















































इस मौके पर मुख्य सचिव ने पुनर्निर्माण कार्यो में तेजी लाने के निर्देश दिए। गौरीकुंड से केदारनाथ तक सभी पड़ावों पर सीसीटीवी कैमरे लगाये जायं। जिससे कि निर्माण कार्यों की निगरानी की जा सके। इसके साथ ही माॅनिटरिंग के लिए ड्रोन का इंतजाम करने के लिए कहा। इसके साथ साथ









