Page 584

खतौली रेल हादसे के पीड़ितों पर नहीं किया रहम, वसूले टिकट के पैसे

0

पुरी से हरिद्वार गंगा स्नान के लिए आ रहे श्रद्धालुओं को मुजफ्फरनगर खतौली के निकट हुए ट्रेन हादसे में घायलों को परिवहन निगम की बसों में हरिद्वार के लिए विधायक और सांसदों ने यह कहकर बिठाया कि परिवहन निगम की बस द्वारा आपको हरिद्वार निःशुल्क छोड़ा जाएगा, लेकिन हुआ उल्टा।

परिचालक ने नि:शुल्क सेवा कहकर बस में बिठा लिया, लेकिन करीब 20 किलोमीटर चलने के बाद परिचालक ने रात्रि के समय पीड़ितों से किराया मांगा और कहा कि टिकट कटा लो नहीं तो गाड़ी से उतर जाओ। घायलों को हरिद्वार प्रेमनगर आश्रम आने के लिए छह वर्ष की घायल बालिका तक का किराया परिचालक ने ले लिया। जेब में पैसा न होने कारण ट्रेन दुर्घटना के शिकार यात्री टिकट मांगने पर परेशान हो गए। ट्रेन हादसे में घायल और दूसरा उनके पास खाने तक को पैसा नहीं ऐसे में वे टिकट कैसे खरीदते।
एक यात्री की जेब में कुछ रुपये थे जिससे उन्होंने टिकट खरीदा और हरिद्वार पहुंचे। हरिद्वार पहुंचने के बाद उन्होंने अपनी आपबीती बताई। अब सवाल यह उठता है कि जब अधिकारियों द्वारा दुर्घटना के घायल यात्रियों को हरिद्वार लाने की व्यवस्था की गई थी तो परिवहन कर्मी ने उनके टिकट कैसे काटे।
वहीं, इस संबंध में हरिद्वार के एआरएम सुरेश चौहान ने कहा कि सभी कंडक्टर को निर्देश दिया गया था कि हादसे में पीड़ित यात्रियों को निःशुल्क यात्रा कि सुविधा दी जाए। उन्होंने कहा कि इस तरह की कोई शिकायत नहीं आई है। शिकायत मिलने पर संबंधित बस कंडक्टर पर कार्रवाई की जाएगी तथा पीड़ित यात्रियों के पैसे भी वापस किए जायेंगे।

गैस न मिलने से गुस्साई महिलाओं ने मार्ग किया ठप

0

रसोई गैस की किल्लत से परेशान आक्रोशित महिला उपभोक्ताओं ने मंगलवार को ताकुला-बागेश्वर मोटर मार्ग में जाम लगकर प्रदर्शन किया। इस दौन पुलिस और प्रदर्शनकारियो में नोकझोंक हुई। जल्द ही रसोई गैस मिलने का भरोसा के बाद जाम खोला।

मंगलवार को सभासद प्रकाश जोशी के नेतृत्व में महिलाओं ने ताकुला-बागेश्वर मोटर मार्ग पर जाम लगाया। उन्होंने कहा कि एक महीने से वे रसोई गैस के लिए परेशान हैं और एजेंसी रोज गाड़ी भेजने की बात कर रही है, लेकिन पहुंच नही पाता है। इस मौके पर प्रदर्शनकारियों ने चेताते हुए कहा कि यदि शीघ्र गौस की आपूर्ति नहीं हुई तो वे बाध्य होकर फिर आंदोलन करेंगे। 

ईमानदारी और लगन से पुलिस महकमे में अलग पहचान बनाएं बेटियां: मुख्यमंत्री

0

प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने उत्तराखण्ड पुलिस में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि ‘‘जब मैं अपनी बेटियों को इस वर्दी में देख रहा हूं तो मुझे अपार खुशी हो रही है। आज मैं कह सकता हूं कि उत्तराखंड राज्य में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान खूब फल फूल रहा है। आप सारी बेटियां इस राज्य का गौरव है और आपसे उम्मीद है कि आप सब पूरी ईमानदारी और लगन से पुलिस महकमे में अपनी अलग पहचान बनाऐंगी।’’
मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मंगलवार को पुलिस लाइन में उत्तराखण्ड पुलिस के ट्रेनी आरक्षियों(कांस्टेबल्स) के पासिंग आउट परेड की सलामी ली। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षु पुलिस आरक्षियों और उपस्थित जनसमुदाय को सम्बोधित करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड पुलिस में महिलाओं की संख्या 11 प्रतिशत से ज्यादा है, जबकि राष्ट्रीय औसत सात प्रतिशत है। पुलिस फोर्स में महिलाओं की भागीदारी के क्षेत्र में उत्तराखण्ड देश के शीर्ष पांच राज्यों में सम्मिलित हो गया है। इसका मतलब यह हुआ कि अब प्रदेश हर थाने में एक या उससे ज्यादा महिला पुलिस की तैनाती हो सकेगी। इससे महिला संबंधी अपराध की रोकथाम और उसके कुशल निवारण में भी मदद मिलेगी।
सीएम ने कहा कि आधुनिक समय में पुलिस की जिम्मेदारी बढ़ी है और पुलिस का काम के साथ ही अन्य सामाजिक सरकारों से जुड़ गया है। इस कारण पुलिस पर लोगों का भरोसा भी बढ़ा है और इस खरा उतरना भी होगा। उन्होंने कहा कि राज्य में जहां राजस्व पुलिस की व्यवस्था लागू है, वहां भी लोगों द्वारा रेगुलर पुलिस की मांग की जाने लगी है।
त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दी गई स्मार्ट पुलिस की परिकल्पना को दोहराते हुए कहा कि उत्तराखण्ड पुलिस को भी स्ट्रिक्ट और सेंसिटिव, मोरल और मोबाइल, एलर्ट और एकाउंटेबल, रिलाएबल और रिस्पॉन्सिबल औरटेक्नोलॉजी सेवी होना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचार के विरुद्ध भी पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने कहा कि पुलिस का नशे के कारोबार के विरुद्ध एक कठोर अभियान चलाने में भी महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने सभी पास आउट आरक्षियों को उनके सफल करियर के लिये शुभकामनाएं भी दी।
पुलिस महानिदेशक अनिल कुमार रतूड़ी ने बताया कि कुल 175 ट्रेनी आरक्षियों का प्रशिक्षण रिक्रूट ट्रेनिंग सेंटर देहरादून में हुआ। कुल सीधी भर्ती के 141 महिला आरक्षियों एवं 34 पुरुष रिक्रूट आरक्षियों को नौ माह का आधारभूत प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें प्रशिक्षण देने के लिए 27 पुलिस अधिकारी/कर्मी नियुक्त रहे। देहरादून जनपद के अतिरिक्त रिक्रूट ट्रेनिंग सेंटर जनपद हरिद्वार, उधमसिंहनगर, चम्बा(टिहरी गढ़वाल), 31वीं वाहिनी पीएसी में भी कुल 792 प्रशिक्षु महिला आरक्षियों का प्रशिक्षण सम्पन्न कराया गया तथा इन सभी स्थानों पर भी पासिंग आउट परेड विभिन्न तिथियों में आयोजित की जा रही है।
दीक्षांत परेड में प्रशिक्षण अवधि में सर्वांग-सर्वोत्तम श्रेणी में महिला आरक्षी कविता और अंजना बेलवाल और पुरुष आरक्षी अंकित बिष्ट को पुरस्कार भी प्रदान किया गया।
इस अवसर पर एडीजी अशोक कुमार, आईजी दीपम सेठ सहित अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे।

तेजेन्द्र सिंह को विधानसभा अध्यक्ष ने किया सम्मानित

0

अमेरिका में आयोतिज वल्र्ड पुलिस एवं फायर गेम में बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता में उत्तराखण्ड पुलिस के डोईवाला निवासी तेजेन्द्र सिंह के गोल्ड मेडल जितने पर एवं उनके कोच राज भइया का मंगलवार को उत्तराखण्ड विधान सभा अध्यक्ष प्रेम चन्द अग्रवाल ने सम्मानित किया।
ऋषिकेश में आयोजित सम्मान समारोह में अग्रवाल ने कहा कि तेजेन्द्र सिंह ने अमेरिका में बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीतकर प्रदेश व देश का नाम रोशन किया। इस अवसर पर अग्रवाल ने कहा कि तेजेन्द्र सिंह ने अपनी मेहनत, लगन एवं कड़े संघर्ष के साथ यह मुकाम हासिल किया है।
अग्रवाल ने इस सम्मान समारोह के दोरान गोल्ड मेडल जितने वाले तेजेन्द्र सिंह के कोच राज भइया का भी सम्मान किया। उन्होंने कहा कि एक अच्छे खिलाड़ी के पीछे उसके कोच की बड़ी भूमिका होती है और राज भइया ने यह साबित कर दिखाया है कि उनके द्वारा प्रशिक्षित खिलाड़ी ने अमेरिका में अपनी ताकत का लोहा मनवाया है।
अग्रवाल ने कहा कि खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए वह सरकार से भी बात करेंगे साथ ही तेजेन्द्र जैसे खिलाड़ियों को सरकार के माध्यम से सम्मानित किया जाना चाहिए।

प्रदेश के बैंक शाखाओ पर लटके ताले,निजीकरण के विरोध में बैंककर्मी

सरकारी बैंको को निजी हाथो में सौपने और बैंको के विलय को लेकर बैंक कर्मचारी  हड़ताल  पर चले गए है। मंगलवार को उत्तराखंड में प्रदेश भर के 1800 बैंक शाखाओ के 15000 कर्मचारी  हड़ताल पर चले गये हैं। जिससे ग्राहको को बड़ी परेशानी का सामना करना पड रहा है। सुबह से ही ऋषिकेश के  ए टी ऍम भी खाली  हो गये है और शहर कि जनता कि परेशानी बड़ गयी है। बैंक कर्मचारियो ने सरकार के खिलाफ कर्मचारियों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगते हुए  नारेबाज़ी की। हड़ताली कर्मचारीओ का कहना है कि ”केंद्र सरकार बैंक कर्मचारियो के हितो पर कुठाराघात कर रही है। सरकारी बेंको को निजी हाथो में सौपा जा रहा है। साथ ही सरकारी बेंको को विलय कर के एक बड़ा बैंक बनाने की केंद्र सरकार की योजना का पुरे देश में बैंककर्मी विरोध कर रहे है। सरकार के इस फैसले को जान विरोधी करार दिया है।

बद्रीनाथ हाईवे मायापूर और लामबगड़ में बंद

0

चमोली जनपद में सोमवार की रात्रि को हुई भारी वर्षा के कारण बद्रीनाथ हाईवे मायापूर गडोरा के समीप पहाड़ी से मलबा आ जाने के कारण 20 मीटर तक बाधित हो गया है।
वहीं, लामबगड़ में भी भूस्खलन के कारण पिछले 48 घंटे से हाईवे बाधित चल रहा है।
चमोली में हो रही भारी वर्षा के कारण मायापूर गडोरा के पास पहाड़ी से भारी मलबा आ जाने के कारण बद्रीनाथ हाईवे बंद हो गया है। जिसे बीआरओ की मशीन व मजदूर खोलने में जुटे है लेकिन भारी बोल्डरों के कारण मार्ग खोलने में समय लग रहा है।
वहीं, लामबगड़ में भी मलबा आ जाने के कारण पिछले 48 घंटे से हाईवे बंद पड़ा है। जिसे खोलने के लिए एनएच मशक्कत करने में लगा है।

नीलकंठ महादेव पर जल चढ़ाने आए व्यक्ति की हार्ट अटैक से मौत

0

लक्ष्मण झूला थानांतर्गत नीलकंठ महादेव पर जल चढ़ाने आए हरियाणा से एक व्यक्ति की ह्रदय गति रुक जाने के कारण अचानक मौत हो गई।

लक्ष्मण झूला पुलिस के अनुसार शिवकुमार पुत्र दयानंद ग्राम पिचोलिया थाना करनाल हरियाणा निवासी नीलकंठ जल चढ़ाने हेतु अपने अन्य साथियों के साथ आया था। वह पैदल रास्ते से नीलकंठ जा रहा था कि अचानक धांधला पानी के पास उसकी तबीयत बिगड़ गई। उसे राजकीय प्राथमिक चिकित्सालय लक्ष्मण झूला लाया गया जहां उसने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने मृतक के शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के उपरांत दाह संस्कार हेतु उसके परिजनों को सौंप दिया है।

ऐतिहासिक फैसला: 3-2 के बहुमत से सुप्रीम कोर्ट ने ट्रिपल तलाक को असंवैधानिक करार दिया

0

पांच जजों की संवैधानिक पीठ में से तीन जजों ने ट्रिपल तलाक को असंवैधानिक करार दिया। जस्टिस कुरियन जोसेफ, जस्टिस यूयू ललित और जस्टिस आरएफ नरीमन ने असंवैधानिक करार दिया जबकि चीफ जस्टिस जेएस खेहर और जस्टिस अब्दुल नजीर ने इसे संसद में कानून बनाने के लिए छोड़ा । मुख्य न्यायाधीश जेएस खेहर की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने तीन तलाक पर छह दिन तक मैराथन सुनवाई करके गत 18 मई को फैसला सुरक्षित रख लिया था।

सुप्रीम कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए एक बार में तीन तलाक पर रोक लगा दी है। संसद जब तक कानून नहीं लाती तब तक ट्रिपल तलाक पर रोक रहेगी। इससे पूर्व  11 से 18 मई तक रोजाना सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रखते हुए आज का दिन मुकर्रर किया था। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा था कि मुस्लिम समुदाय में शादी तोड़ने के लिए यह सबसे खराब तरीका है।चीफ जस्टिस ने पहले फैसला पढ़ना शुरू किया तो लगा कि वही सारे जजों का फैसला है लेकिन बाद में पांच जजों का फैसला सुनने के बाद ये तय हो गया कि तीन तलाक को सुप्रीम कोर्ट ने बहुमत से असंवैेधानिक करार दिया है ।

triple talak

इस मामले की शुरुआत तब हुई थी जब उत्तराखंड के काशीपुर की शायरा बानो ने पिछले साल सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दायर कर तीन तलाक और निकाह हलाला के चलन की संवैधानिकता को चुनौती दी थी। कोर्ट के फैसले से पहले तीन तलाक की पीड़िता और याचिकाकर्ता शायरा बानो ने कहा कि मुझे लगता है कि फैसला मेरे पक्ष में आएगा। समय बदल गया है और एक कानून जरूर बनाया जाएगा।

मुख्य न्यायाधीश जेएस खेहर, न्यायमूर्ति कुरियन जोसेफ, न्यायमूर्ति आरएफ नरीमन, न्यायमूर्ति यूयू ललित और न्यायमूर्ति अब्दुल नजीर की पीठ ने एक बार में तीन तलाक की वैधानिकता पर बहस सुनी। इस पीठ की खासियत यह भी है कि इसमें पांच विभिन्न धर्मों के अनुयायी शामिल हैं। हालांकि यह बात मायने नहीं रखती क्योंकि न्यायाधीश का कोई धर्म नहीं होता। कोर्ट ने शुरुआत में ही साफ कर दिया था कि वह फिलहाल एक बार में तीन तलाक पर ही विचार करेगा। बहुविवाह और निकाह हलाला पर बाद में विचार किया जाएगा।

शराब विरोधी आंदोलन चलाने वाले दून में होंगे सम्मानित

0

उत्तराखंड प्रदेश नशाबंदी परिषद् द्वारा शराब बंदी आंदोलन चलाने वाले आंदोलनकारियों एवं संगठनों को देहरादून में सितंबर माह में होने जा रहे एक सम्मेलन के दौरान सम्मानित किया जाएगा। कार्यक्रम में उत्तरकाशी जिले में शराब विरोधी आंदोलन चलाने वाले चारधाम विकास परिषद् के पूर्व उपाध्यक्ष सूरत राम नौटियाल को उनके प्रयासों के लिए सम्मानित किया जाएगा।
परिषद् के अध्यक्ष जगमोहन भारद्वाज ने बताया कि उत्तराखंड राज्य में शराब एक महामारी बन गई है। इसे रोकने के लिए समय समय पर कई लोगों एवं संगठनों ने आवाज उठाई, लेकिन प्रदेश सरकारों ने हमेशा से ही उनकी आवाज को मुकदमें दर्ज कर दबाने की कोशिश की है।
उन्होंने कहा कि शराब विरोधी आंदोलनों की ताकत बढ़ाने के लिए सितंबर माह में दून में एक सम्मेलन किया जाएगा। जिसके बाद आंदोलनकारियों का एक प्रतिनिधि मंडल मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपेगा। इस मौके पर आंदोलनकारियों को भी सम्मानित किया जाएगा।

इस साल सलमान के घर नहीं आएंगे गणपति

0

पिछले 15 सालों से लगातार सलमान खान के बांद्रा स्थित बंगले में गणपति की स्थापना होती आ रही है, जिसमें सलमान और उनका पूरा परिवार बढ़ चढ़कर हिस्सा लेता रहा है। 15 सालों में यह पहला ऐसा साल होगा, जब इस बार सलमान के घर गणपति की स्थापना नहीं होगी।

इस साल गणपति की स्थापना सलमान की छोटी बहन अर्पिता के घर पर होगी, जिनका घर बांद्रा में ही है। बताया जाता है कि सलमान का पूरा परिवार अर्पिता के घर जाकर गणपति के दर्शन करेगा और फिर गणपति को विसर्जित किया जाएगा। यह भी बताया जा रहा है कि इस बार भी सलमान गणपति में शामिल नहीं हो पाएंगे। इसकी वजह है कि वे आबूधाबी में यशराज की फिल्म ‘टाइगर जिंदा है’ के आखिरी शेड्यूल की शूटिंग कर रहे हैं।

पिछले साल भी सलमान गणपति में शामिल नहीं हो पाए थे। पिछले साल गणपति के दौरान सलमान खान लेह में कबीर खान की फिल्म ट्यूबलाइट की शूटिंग में बिजी थे। कई कट्टरपंथी मुस्लिम संगठनों द्वारा फतवा जारी होने और धमकियों के बाद भी सलमान खान का पूरा परिवार पिछले 15 साल से अपने घर पर डेढ़ दिन के लिए गणपति की स्थापना करता है। सलमान के करीबी दोस्त राज ठाकरे सहित तमाम हस्तियां सलमान के घर गणपति के दर्शन करने पंहुचती हैं।