महाशिवरात्रि पर शिवालयों में श्रद्धा का सैलाब

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हरिद्वार,  महाशिवरात्रि के अवसर पर शुक्रवार को भारी बारिश और ठंड़ के बीच मंदिरों के बाहर शिव भक्तों का तांता लगा रहा। दूरदराज से भारी संख्या में शिवभक्त शिवालयों में जलाभिषेक करने पहुंचे। तड़के आरम्भ हुआ जलाभिषेक का सिलसिला अनवरत जारी रहा।  भीड़ के कारण समूचे शहर में जाम की स्थिति बनी रही।
महाशिवरात्रि के अवसर पर शहर के सभी मंदिरों को झालरों से सजाया गया। कनखल को राजा दक्ष की राजधानी और शिव की ससुराल माना जाता है। शिव की ससुराल कनखल में शिवभक्तों तांता लगा रहा। बारिश और ठंड के बीच शिव भक्त मंदिरों में जल चढ़ाने के लिए उमड़े। इसके अलावा माता पार्वती की तपस्थली विल्वकेश्वर महादेव मंदिर में बड़ी संख्या में लोगों ने भगवान का जलाभिषेक किया। यहां करीब एक किलोमीटर लम्बी श्रद्धालुओं की लाइन लगी रही।
इसके अतिरिक्त कनखल के दरिद्रभंजन महादेव, दुःखभंजन महादेव, तिलभाण्डेश्वर महादेव, गौरी शंकर, नीलेश्वर, कुण्डीसोटेश्वर, पशुपतिनाथ मंदिर समेत तमाम शिवालयों में भक्तों का दिन भर तांता लगा रहा।श्रद्धालुओं ने बेलपत्र, दूध, दही, घी और शहद यानी पंचामृत से अपने ईष्ट देव का अभिषेक किया।
महाशिवरात्रि की पूर्व संध्या से ही तीर्थनगरी के शिवालय जगमगा उठे थे। वहीं भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। शिवालयों के बाहर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। शिवालयों में भगवान शिव की रात्रि में होने वाली चतुर्थ प्रहर की पूजा की तैयारियां की जा रही थीं।
बारिश के बाद भी मंदिरों में रही भीड़ः गुरुवार मध्य रात्रि जमकर मेघ बरसे। शुक्रवार सुबह तक जोरदार बारिश हुई। बावजूद इसके लोगों की आस्था को बारिश नहीं डिगा पाई। तड़के से ही बारिश में लोगों का शिवालयों पर तांता लगना आरम्भ हो गया था।
जाम के झाम से परेशान हुए लोगः महाशिवरात्रि पर समूची तीर्थनगरी जाम के झाम में फंसी नजर आई। गली-मोहल्लों में जाम देखने को मिला। बरसात होने से सड़कों पर कीचड़ हो गया। इस कारण लोगों की समस्याएं और बढ़ गईं। कीचड़ के कारण कई वाहनों के फिसल जाने से लोग घायल हो गए।
उधर शातिकुंज स्थित प्रज्ञेश्वर महादेव में भी महाशिवरात्रि महोत्सव श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया गया। शांतिकुंज प्रमुख प्रणव पाण्ड्या, शैलदीदी व अन्य नेभगवान का अभिषेक कर राष्ट्र रक्षा की कामना की। कनखल स्थित श्री तिलभाण्डेश्वर महादेव में मंदिर में भगवान शिव की बारात मंदिर के महंत त्रिवेणी दास महाराज के सानिध्य में निकाली गई।